धारा 450 आईपीसी (IPC Section 450 in Hindi) - अपजीवन कारावास से दंडनीय अपराध को करने के लिए गॄह-अतिचार



धारा 450 का विवरण

भारतीय दंड संहिता की धारा 450 के अनुसार, जो कोई [आजीवन कारावास] से दंडनीय कोई अपराध करने के लिए गॄह-अतिचार करेगा, वह दोनों में से किसी भांति के कारावास से, जिसकी अवधि दस वर्ष से अधिक नहीं होगी, दंडित किया जाएगा और जुर्माने से भी दंडनीय होगा ।


Offence : आजीवन कारावास से दंडनीय अपराध के आयोग को घर-अतिचार


Punishment : 10 साल + जुर्माना


Cognizance : संज्ञेय


Bail : गैर जमानतीय


Triable : सत्र न्यायालय





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IPC धारा 450 पर अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न


आई. पी. सी. की धारा 450 के तहत क्या अपराध है?

आई. पी. सी. धारा 450 अपराध : आजीवन कारावास से दंडनीय अपराध के आयोग को घर-अतिचार


आई. पी. सी. की धारा 450 के मामले की सजा क्या है?

आई. पी. सी. की धारा 450 के मामले में 10 साल + जुर्माना का प्रावधान है।


आई. पी. सी. की धारा 450 संज्ञेय अपराध है या गैर - संज्ञेय अपराध?

आई. पी. सी. की धारा 450 संज्ञेय है।


आई. पी. सी. की धारा 450 के अपराध के लिए अपने मामले को कैसे दर्ज करें?

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आई. पी. सी. की धारा 450 जमानती अपराध है या गैर - जमानती अपराध?

आई. पी. सी. की धारा 450 गैर जमानतीय है।


आई. पी. सी. की धारा 450 के मामले को किस न्यायालय में पेश किया जा सकता है?

आई. पी. सी. की धारा 450 के मामले को कोर्ट सत्र न्यायालय में पेश किया जा सकता है।


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