धारा 78 आईपीसी - IPC 78 in Hindi - सजा और जमानत - न्यायालय के निर्णय या आदेश के अनुसरण में किया गया कार्य

अपडेट किया गया: 01 Jul, 2026
एडवोकेट चिकिशा मोहंती द्वारा


LawRato

विषयसूची

  1. धारा 78 का विवरण

धारा 78 का विवरण

भारतीय दंड संहिता की धारा 78 के अनुसार कोई बात जो न्यायालय के निर्णय या आदेश के अनुसरण में की जाए या उसके द्वारा अधिदिष्ट हो, यदि वह उस निर्णय या आदेश के प्रवॄत रहते, की जाए, अपराध नहीं है, चाहे उस न्यायालय को ऐसा निर्णय या आदेश देने की अधिकारिता न रही हो, परन्तु यह तब जब कि वह कार्य करने वाला व्यक्ति सद््भावपूर्वक विश्वास करता हो कि उस न्यायालय को वैसी अधिकारिता थी ।
आईपीसी धारा 78 को बीएनएस धारा 16 में बदल दिया गया है।



आईपीसी धारा 78 शुल्कों के लिए सर्व अनुभवी वकील खोजें