धारा 108क आईपीसी - IPC 108क in Hindi - सजा और जमानत - भारत से बाहर के अपराधों का भारत में दुष्प्रेरण

अपडेट किया गया: 01 Jul, 2026
एडवोकेट चिकिशा मोहंती द्वारा


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विषयसूची

  1. धारा 108क का विवरण

धारा 108क का विवरण

भारतीय दंड संहिता की धारा 108क के अनुसार वह व्यक्ति इस संहिता के अर्थ के अन्तर्गत अपराध का दुष्प्रेरण करता है, जो 2[भारत] से बाहर और उससे परे किसी ऐसे कार्य के किए जाने का 2[भारत] में दुष्प्रेरण करता है जो अपराध होगा, यदि 2[भारत] में किया जाए ।
दृष्टांत
क 2[भारत] में ख को, जो गोवा में विदेशीय है, गोवा में हत्या करने के लिए उकसाता है । क हत्या के दुष्प्रेरण का दोषी है ।ट


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