देश आजादी पूर्व संवत 18 सन 141 जागीरदार ज


सवाल

देश आजादी से पूर्व संवत 1998 सन 1941 में जागीरदार द्वारा जारी पट्टे में पश्चिम दिशा में आम रास्ते का उल्लेख है जब इस आम रास्ते पर विवाद हुआ तो मामला कोर्ट में चला गया I अब प्रतिवादी ने आम रास्ते को कोर्ट में स्वीकार कर लिया और कहा कि इस पट्टे के पश्चात इस आम रास्ते के तत्कालीन जागीरदार ने संवत 1999 एवं 2000 में पट्टे जारी कर दिए I प्रश्न- 1. क्या जागीरदार को आम रास्ते के पट्टे जारी करने का अधिकार था ? 2. क्या कोर्ट इन आम रास्ते के पट्टो को वैध मानेगा क्या ? कृपया मार्गदर्शन देवे I

उत्तर (2)


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!नमस्कार, मैं सुशील कुमार गोठवाल एडवोकेट ने आपकी समस्या को पढ़कर समझ लिया है। आपको परेशान होने की आवश्यक्ता नहीं है फिर भी यदि आपकी समस्या का निदान नहीं होता है तो आप मुझे कॉल कर सकते हैं।
आपको जरा भी घबराने की जरूरत नहीं है। आपने अभी तक जो यह बताया गया हैं कि यह जागीरदार को हक़ था या नहीं तो आपको तब तक रुकना होगा जब तक की कोर्ट का फैसला नहीं आ जाता है।







धन्यवाद।


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