क्या मां की दूसरी शादी के बाद बच्चे के दस्तावेजों में नए पिता का नाम लिखवाया जा सकता है


सवाल

मेरी मंगेतर का एक बच्चा है और हम चाहते हैं कि बच्चे के जन्म प्रमाण पत्र और स्कूल के कागजों में उसके पहले पति की जगह मेरा नाम आ जाए। स्कूल में एडमिशन के समय मेरा नाम पिता के तौर पर लिखा जा सके, इसके लिए क्या कानूनी प्रक्रिया अपनानी होगी?

उत्तर (2)


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हाँ, बच्चे के दस्तावेजों में पिता का नाम बदला जा सकता है, लेकिन इसके लिए आपको कानूनी रूप से बच्चे को गोद (Adoption) लेना होगा। भारत में केवल शादी कर लेने मात्र से दूसरे पति को बच्चे के कानूनी पिता का अधिकार नहीं मिल जाता। जब तक आप गोद लेने की कानूनी प्रक्रिया पूरी नहीं करते, तब तक जन्म प्रमाण पत्र में जैविक पिता (Biological Father) का नाम ही रहेगा।

नाम बदलने के लिए आपको ये कदम उठाने होंगे:

  1. बच्चे को गोद लेना: यदि आप हिंदू हैं, तो आपको 'हिंदू दत्तक ग्रहण और भरण-पोषण अधिनियम' (Hindu Adoptions and Maintenance Act - HAMA) के तहत एक गोदनामा (Adoption Deed) तैयार करवाना होगा। यदि बच्चे के जैविक पिता जीवित हैं, तो उनकी सहमति (Consent) जरूरी होगी। अगर उन्होंने बच्चे के अधिकारों को पहले ही छोड़ दिया है या वे संपर्क में नहीं हैं, तो कोर्ट की अनुमति लेनी पड़ सकती है।

  2. गोदनामे का पंजीकरण: गोद लेने के कागजात यानी अडॉप्शन डीड को रजिस्ट्रार ऑफिस में पंजीकृत (Register) करवाना अनिवार्य है। यह डीड ही इस बात का सबूत होगी कि अब आप बच्चे के कानूनी पिता हैं।

  3. जन्म प्रमाण पत्र में सुधार: एक बार अडॉप्शन डीड बन जाने के बाद, आप नगर निगम या जन्म-मृत्यु रजिस्ट्रार के कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं। वहां डीड दिखाकर आप जन्म प्रमाण पत्र में पिता के नाम में सुधार (Correction) करवा सकते हैं।

  4. स्कूल रिकॉर्ड: जन्म प्रमाण पत्र या अडॉप्शन डीड के आधार पर स्कूल में बच्चे का दाखिला आपके नाम से आसानी से हो जाएगा। यदि बच्चा पहले से किसी स्कूल में पढ़ रहा है, तो वहां भी आवेदन देकर रिकॉर्ड बदला जा सकता है।

मेरी सलाह है कि यह प्रक्रिया आप शादी के तुरंत बाद शुरू कर दें। इससे भविष्य में बच्चे के पासपोर्ट, आधार कार्ड और अन्य सरकारी दस्तावेजों में कोई दिक्कत नहीं आएगी। बिना गोद लिए पिता का नाम बदलना बाद में कानूनी पेचीदगियां पैदा कर सकता है।

207 votes

जन्म प्रमाण पत्र में पिता का नाम तभी बदला जा सकता है जब आपके द्वारा बच्चे को गोद लिया गया हो। इसलिए पहले आपको बच्चे को गोद लेना होगा और इसके बाद जन्म और मृत्यु के रजिस्ट्रार के कार्यालय से आवश्यक सुधार करना होगा।


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