क्या फाइनेंस कंपनी वाहन नीलामी के बाद शेष राशि मांग सकती है


सवाल

मेरे पिताजी ने टाटा ऐस गाड़ी के लिए श्रीराम फाइनेंस के साथ एक समझौता किया था। कुछ किश्तें चुकाने के बाद वे बकाया राशि नहीं दे पाए, जिसके कारण कंपनी ने २०१२ में वाहन जब्त कर लिया। गाड़ी को नीलामी में बेचने के ४ साल बाद अब कंपनी मेरे पिताजी को शेष राशि चुकाने के लिए कानूनी नोटिस भेज रही है। ऐसी स्थिति में हमारे लिए क्या कानूनी विकल्प हैं और हमें इस नोटिस का जवाब कैसे देना चाहिए?

उत्तर (2)


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हाँ, फाइनेंस कंपनी के पास नीलामी के बाद बची हुई कमी की राशि (Deficiency Amount) वसूलने के लिए कानूनी कार्रवाई करने का अधिकार होता है। जब कोई वाहन फाइनेंस पर लिया जाता है, तो समझौते की शर्तों में यह स्पष्ट लिखा होता है कि यदि नीलामी से प्राप्त राशि कुल कर्ज को पूरा नहीं करती है, तो शेष राशि का भुगतान कर्जदार को ही करना होगा।

सबसे पहले आपको कंपनी द्वारा भेजे गए नोटिस का तुरंत औपचारिक जवाब देना चाहिए। आपको कंपनी से नीलामी का पूरा विवरण, जैसे कि वाहन किस कीमत पर बेचा गया और नीलामी की सूचना आपको पहले दी गई थी या नहीं, इसकी मांग करनी चाहिए। यदि कंपनी ने बिना उचित सूचना दिए या बाजार मूल्य से बहुत कम कीमत पर वाहन बेचा है, तो आप उपभोक्ता फोरम (Consumer Forum) में इसकी शिकायत कर सकते हैं।

चूंकि यह मामला काफी पुराना है, इसलिए आप एकमुश्त निपटान (One-Time Settlement) का विकल्प भी चुन सकते हैं। फाइनेंस कंपनियां अक्सर पुराना कर्ज वसूलने के लिए ब्याज और जुर्माने में भारी छूट दे देती हैं। आप कंपनी के प्रबंधन से बात करके एक ऐसी राशि तय कर सकते हैं जिसे चुकाना आपके लिए संभव हो और जिससे यह कानूनी विवाद हमेशा के लिए खत्म हो जाए।

अदालती कार्रवाई से बचने के लिए यह जरूरी है कि आप इस नोटिस को नजरअंदाज न करें। यदि कंपनी ने बहुत लंबे समय बाद नोटिस भेजा है, तो इसमें समय सीमा (Limitation Period) का कानून भी आपकी मदद कर सकता है, क्योंकि सामान्य तौर पर कर्ज वसूली के लिए 3 साल की समय सीमा तय होती है। आपको किसी स्थानीय वकील की मदद से समझौते के दस्तावेजों (Loan Agreement) की जांच करानी चाहिए।

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नमस्कार, शेष भुगतान के लिए श्रीराम फाइनेंस कंपनी को आपके पिता के खिलाफ मुकदमा करने का अधिकार है। समझौते के समय, अधिकांश लोग नियम और शर्तों को नहीं पढ़ते हैं। मुझे लगता है कि आपके पिता भी नियमों और शर्तों को नहीं जानते हैं। 1. वित्त कंपनी को आपके पिता के खिलाफ मुकदमा करने का अधिकार है। 2. आपके पापा को कंपनी को तुरंत जवाब देना है। 3. वित्त कंपनी के साथ एकमुश्त निपटान का विकल्प है। यह मामले की स्थिति और वित्त कंपनी के प्रबंधन पर निर्भर करता है। यदि आपके पास कोई प्रश्न है, तो मुझसे संपर्क करें।


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अनुवादित किया गया मूल उत्तर यहां पढ़ा जा सकता है।


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