सर सादर अवगत कराना हमारे बाबा जी चाचा


सवाल

सर सादर अवगत कराना है कि हमारे बाबा जी को उनके चाचा जी गोद सन 1957 में लिए थे और बाबा जी के पिता जी की इच्छा थी कि मेरी सम्पत्ति में तीनों पुत्रो को बराबर का हक मिले इसी आधार की वसीयत कर गए थे वसीयत कर्ता सन 1965 में वसीयत की और वसीयत कर्ता की मौत सन 1970 में हो जाती है मौत के बाद तीनों पुत्रो को बराबर का हिस्सा मिल जाता है इसके बाद आज लगभग 54 वर्ष बाद हमारे भाई परिवार द्वारा वसीयत को चैलेंज किया जा रहा है तो हम क्या करे। ना तो आज से 60 वर्ष पहले के गवाह है हमारे पास जो वसीयत में थे उनकी मौत हो चुकी है तो हम अदालत में कैसे साबित करेगे की वसीयत सही है क्योंकि वसीयत रजिस्टर्ड नही है जवाब दे वसीयत करने का कारण था कि हमारे बाबा जी क़ो उनके चाचा जी ने गोद लिया था तो उनके वास्तविक पिता की सम्पति से अधिकार समाप्त हो गए थे इसलिए वसीयत किये थे तो बताये की वसियत ना तो रजिस्टर्ड है और आज से लगभग 60 वर्ष हो जाने की वजह से मौत हो गयी है तो हम कैसे सिद्ध करे कि वसीयत सही है जवाब दे

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