अदालत द्वारा भेजा गया समन विपक्षी पक्ष तक पहुँचने में कितना समय लेता है


सवाल

मैंने जनवरी 2021 में तलाक का मामला दायर किया था और मेरे वकील का कहना है कि अदालत ने समन भेज दिया है लेकिन उसे ट्रैक नहीं किया जा सकता है, तो विपक्षी पक्ष तक समन पहुँचने में आमतौर पर कितना समय लगता है और यदि वह नहीं पहुँच रहा है तो मुझे क्या करना चाहिए?

उत्तर (4)


66 votes

अदालती समन (Summon) पहुँचने की समय सीमा पूरी तरह से इस बात पर निर्भर करती है कि विपक्षी पक्ष कहाँ रहता है और उसे किस माध्यम से भेजा गया है। यदि विपक्षी पक्ष उसी शहर या जिले में रहता है जहाँ मामला दायर किया गया है, तो आमतौर पर 7 से 15 दिनों के भीतर समन की तामील हो जाती है। यदि विपक्षी पक्ष दूसरे राज्य या किसी दूरस्थ स्थान पर रहता है, तो इस प्रक्रिया में 30 से 45 दिनों तक का समय लग सकता है।

समन आमतौर पर पंजीकृत डाक (Registered Post) या अदालत के चपरासी (Process Server) के माध्यम से भेजा जाता है। यदि आपका वकील कह रहा है कि इसे ट्रैक नहीं किया जा सकता, तो संभव है कि इसे साधारण प्रक्रिया से भेजा गया हो। हालांकि, आधुनिक अदालती नियमों के अनुसार, अब स्पीड पोस्ट (Speed Post) के माध्यम से भी समन भेजे जाते हैं जिनकी ट्रैकिंग आईडी (Tracking ID) अदालत के रिकॉर्ड में मौजूद होती है। आप स्वयं या अपने वकील के माध्यम से अदालत के संबंधित लिपिक (Ahlamad) से ट्रैकिंग नंबर प्राप्त कर सकते हैं।

यदि विपक्षी पक्ष जानबूझकर समन लेने से बच रहा है या बार-बार भेजने के बाद भी वह प्राप्त नहीं हो रहा है, तो आप अदालत से वैकल्पिक तामील (Substituted Service) के लिए अनुरोध कर सकते हैं। इसके तहत समन को किसी स्थानीय समाचार पत्र में प्रकाशित करवाया जा सकता है या विपक्षी के घर के बाहर चिपकाया जा सकता है। एक बार अखबार में विज्ञापन प्रकाशित होने के बाद, अदालत यह मान लेती है कि समन पहुँच चुका है और कार्यवाही आगे बढ़ा दी जाती है।

भारतीय न्याय संहिता (Bharatiya Nyaya Sanhita) और वर्तमान नागरिक प्रक्रियाओं के तहत अब व्हाट्सएप (WhatsApp) या ईमेल (Email) के माध्यम से भी समन भेजने की अनुमति विशेष परिस्थितियों में मिलने लगी है। यदि डाक से देरी हो रही है, तो आप अपने वकील के माध्यम से अदालत में आवेदन देकर इन डिजिटल माध्यमों का उपयोग करने की अनुमति मांग सकते हैं ताकि आपका मामला बेवजह न खिंचे।

56 votes

आपने अपने प्रश्न में यह उल्लेख नहीं किया है कि आपने तलाक के लिए किस अदालत में मामला दायर किया है और विरोधी पक्ष कहाँ रहता है। क्योंकि विरोधी पक्ष को समन पहुंचने का समय उसी पर निर्भर करता है। यदि विरोधी पक्ष दूसरे जिले या अन्य राज्य में रह रहा है तो अदालत के माध्यम से सम्मन पहुंचने में समय लगता है।

170 votes

एक बार जब आपने मामला दायर कर दिया और अदालत द्वारा सम्मन जारी किया गया तो यह लगभग तीस दिनों के भीतर पहुंच जाएगा और रिपोर्ट अदालत में जाएगी। यदि समन की तामील नहीं की जाती है तो आप इसे पंजीकृत डाक के माध्यम से जारी कर सकते हैं।

82 votes

नमस्ते! अपने वकील से कोर्ट क्लर्क और बेलीफ से संपर्क करने के लिए कहें। वे आपको सम्मन की तामील की स्थिति बता सकते हैं। अन्यथा हाथ से समन लेने के लिए अलग से नया आवेदन दाखिल करें। यह सबसे आसान तरीका है और आप इसे ट्रैक कर सकते हैं।


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अनुवादित किया गया मूल उत्तर यहां पढ़ा जा सकता है।


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